रेल मंत्री बोले

रेल मंत्री बोले- केरल सरकार की विकास में रुचि नहीं:केरल के मंत्री का पलटवार- केंद्र सरकार भेदभाव करती है, भाजपा कार्यकर्ता डेवलपमेंट रोकते हैं

तिरुअनंतपुरम3 दिन पहले

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रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि केरल में कोई भी काम करना बहुत मुश्किल है। - Dainik Bhaskar

रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि केरल में कोई भी काम करना बहुत मुश्किल है।

केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने रविवार (6 अगस्त) को कहा कि केरल सरकार की विकास के कामों में बहुत कम रुचि है। वे सर्वे और डीटेल्ड प्रोजक्ट रिपोर्ट तैयार करने जैसे छोटे कामों में भी बहुत परेशानी पैदा करते हैं।

इसके जवाब में केरल के रेल मंत्री वी. अब्दुरहीमन ने केंद्र सरकार पर राज्य के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केरल को पुराने और जर्जर कोच दिए गए और वंदे भारत एक्सप्रेस भी बाकी राज्यों के बाद दी गई।

उन्होंने कहा कि केरल में भाजपा कार्यकर्ता विकास के कामों को रोकने में आगे रहते हैं। राज्य के एक केंद्रीय मंत्री भी डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स में अड़ंगा लगाते हैं।

सबरीमाला रेल प्रोजेक्ट से शुरू हुआ विवाद
अश्विनी वैष्णव से सबरीमाला रेल प्रोजेक्ट पर एक सवाल पूछा गया था। इस पर उन्होंने कहा कि केरल में कोई भी काम करना बहुत मुश्किल है। फिर भी केंद्र सरकार केरल में रेल नेटवर्क के विकास के लिए प्रतिबद्ध है।

इस पर अब्दुरहीमन ने अश्विनी वैष्णव से सबरीमाला प्रोजेक्ट में आने वाली समस्यायों का खुलासा करने के लिए कहा। उन्होंने कहा- सबरीमाला प्रोजेक्ट 1997 में अप्रूव हुआ था। इस प्रोजेक्ट में राज्य सरकार आधा खर्च देने के लिए तैयार हुई, फिर भी केंद्र राज्य के विकास को नजरअंदाज कर रहा है।

केरल में कासरगोड़ और तिरुअंनंतपुरम के बीच राज्य की इकलौती वंदे भारत एक्सप्रेस चलती है। इसका उद्घाटन 25 अप्रैल, 2023 को प्रधानमंत्री मोदी ने किया था।

केरल में कासरगोड़ और तिरुअंनंतपुरम के बीच राज्य की इकलौती वंदे भारत एक्सप्रेस चलती है। इसका उद्घाटन 25 अप्रैल, 2023 को प्रधानमंत्री मोदी ने किया था।

वैष्णव बोले- इलेक्ट्रिक ब्रॉड गेज वाले हर राज्य को दी गई वंदे भारत
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि जिन राज्यों में इलेक्ट्रिक ब्रॉड गेज नेटवर्क है, उन्हें वंदे भारत एक्सप्रेस दी गई है। हम चाहते हैं कि पूरा देश एक साथ विकास करे, लेकिन इसमें राज्य सरकारों के सहयोग की भी जरूरत है।

इस पर अब्दुरहीमन ने कहा- पलक्कड़ कोच फैक्ट्री, रेलवे जोन, निमोम टर्मिनल और अलपुझा रूट को डबल करने के प्रोजेक्ट ठंडे बस्ते में पड़े हुए हैं। मैंने रेल मंत्री से कई बार मुलाकात की और पत्र भी भेजे, लेकिन कुछ नहीं हुआ।

अब्दुरहीमन बोले- सिल्वर लाइन प्रोजेक्ट की परमिशन नहीं मिली
अब्दुरहीमन ने कहा कि सेमी हाई-स्पीड सिल्वर लाइन प्रोजेक्ट की डीटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट देने के बाद भी रेल मंत्रालय ने इसकी परमिशन नहीं दी। सिल्वर लाइन प्रोजेक्ट के तहत राज्य के दक्षिण में तिरुवनंतपुरम से लेकर उत्तर में कासरगोड तक 530 किलोमीटर की रेलवे लाइन बिछाई जानी थी।

इस प्रोजेक्ट पर 6,400 करोड़ रुपए खर्च होने थे। इससे केरल में ट्रांसपोर्ट की सुविधा बेहतर हो जाती। ट्रैवल टाइम भी 12-14 घंटे से कम होकर 4 घंटे हो जाता।

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